कल होगा शिवराज मंत्रीमंडल का विस्तार, यह हो सकते हैं संभावित चेहरे

मध्यप्रदेश में 2 जुलाई, गुरुवार को मंत्रीमंडल का विस्तार होगा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह की गृहमंत्री अमित शाह और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के साथ दो दिन हुई हाईलेवल मीटिंग के बाद मंत्रीमंडल विस्तार की चर्चा तेज हो गयी थी लेकिन प्रधानमंत्री मोदी से शिवराज सिंह की मुलाकात होने के बाद मंत्रीमंडल विस्तार को कुछ समय के लिए टाल दिया गया था। लेकिन आज हाईकमान ने केविनेट विस्तार को लेकर हरी झंडी दे दी है। इसकी जानकारी स्वयं मुख्यमंत्री शिवराज ने दी है।
मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 सदस्य हैं। इसीलिए अधिकतम 35 विधायकों को ही मंत्री बनाया जा सकता है। जिसमें से शिवराज समेत कुल छह विधायक वर्तमान कैबिनेट में मंत्री हैं। इस समीकरण के हिसाब से मात्र 29 सदस्यों को ही मंत्रीपद दिया जा सकता है। सूत्रों की मानें तो सिंधिया खेमे के 8-9 विधायकों को मंत्री बनाया जा सकता है।
भाजपा के सीनियर नेताओं और सिंधिया खेमे को खुश करने के लिए शिवराज सिंह मध्य प्रदेश को इस बार दो डिप्सी सीएम भी दे सकते हैं। कर्नाटक और उत्तर प्रदेश का फॉर्मूला मध्य प्रदेश में भी आजमाया जा सकता है। इस फैसले को लेकर लेकर बुधवार शाम तक स्थिति साफ हो जाएगी क्योंकि इसका फैसला केंद्रीय नेतृत्व को लेना है। अगर ऐसा होता है तो नरोत्त्म मिश्रा और सिंधिया के करीबी तुलसी सिलावट को डिप्टी सीएम बनाया जा सकता है। मंत्रिमंडल विस्तार में इन विधायकों के नाम रेस में सबसे आगे हैं गिरीश गौतम, रामेश्वर शर्मा, रामखिलावन पटेल, गोपाल भार्गव, भूपेंद्र सिंह, चेतन्य कश्यप, मोहन यादव, विष्णु खत्री, उषा ठाकुर, प्रेम सिंह पटेल, अरविंद भदौरिया, हरीशंकर खटीक, अशोक रोहाणी और नंदिनी मरावी । हालांकि अब जबकि मुख्यमंत्री ने गुरुवार को मंत्रिमंडल विस्तार का ऐलान कर ही दिया है, तो यह माना जा सकता है कि पार्टी के अंदर सारे संकट सुलझ गए होंगे।